मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित, Kaun Hai Mensa IQ test ki Vijeta Anushka Dikshit
मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित, अनुष्का दीक्षित के बारे में
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| Kaun hai mensa iq test ki vijeta anushka dikshit |
मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित के बारे में
मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित :अगर आपसे यह पूछा जाए कि सबसे तेज दिमाग किसका है तो आपके दिमाग में किसका नाम आएगा ? वैज्ञानिकों का या फिर अल्बर्ट आइंस्टाइन और स्टीफन हॉकिंग का न । लेकिन एक 11 साल की भारतीय मूल की बच्ची का दिमाग इन दोनों से भी तेज निकला है । इस बच्ची का नाम अनुष्का दीक्षित है ।
इंटेलिजेंस कोशिएंट को नापने के लिए मेंसा आइक्यू टेस्ट होता है । अनुष्का ने इस टेस्ट में सबसे अधिक नंबर प्राप्त किए हैं । उनके इस टेस्ट में 162 नंबर आए हैं । अनुष्का पूरा पीरियोडिक टेबल केवल 40 मिनट में याद करके सबको आश्चर्यचकित कर चुकी हैं । मेंसा आइक्यू टेस्ट में जीनियस स्कोर 140 है ।
स्टीफन हॉकिंग का स्कोर 160 था । अनुष्का की माँ आरती का कहना है कि उनकी बेटी बचपन से ही बेहद होशियार रही है । उसने केवल छह महीने में बोलना सीख लिया था । बचपन में ही वह टी.वी. पर विज्ञापन देखकर उन्हें हू - ब - हू बोलकर सुना देती थी ।
अनुष्का लंदन में रहती हैं । उन्हें 28 सवालों का जवाब मात्र 4 मिनट में देना था । समय कम था और सवाल अधिक , लेकिन अनुष्का के लिए यह लक्ष्य असंभव नहीं था , क्योंकि वे बचपन से ही अद्भुत प्रतिभा की धनी रही हैं , साथ ही पढ़ाई पर भी उनका बचपन से ही फोकस है । जब वह मात्र एक साल की थी , तभी से उसने विश्व के सभी देश और उनकी राजधानियों के नाम याद करने शुरू कर दिए थे ।
यूनिवर्सिटी ऑफ ईस्ट लंदन में आयोजित हुए इस टेस्ट में अनुष्का सबसे कम उम्र की परीक्षार्थी थी । हैरानी की बात यह है कि इस टेस्ट में शामिल होनेवाले अधिकतर लोगों की आयु 30 से 60 वर्ष के बीच थी । अनुष्का की माता गृहिणी और पिता प्रवर्तन अधिकारी हैं । इस टेस्ट में अव्वल आकर अनुष्का अब हाई आईक्यू सोसाइटी की सदस्य बन गई हैं ।
इतनी कम उम्र में मेंस आइक्यू टेस्ट में अव्वल आकर अनुष्का ने साबित कर दिया है कि प्रतिभा और कड़ी मेहनत के सामने आयु कोई महत्त्व नहीं रखती । व्यक्ति के मन में लक्ष्य होना चाहिए , उसके बाद बड़ी - से - बड़ी बाधाएँ भी रास्ता नहीं रोक सकतीं । खुशी की बात यह है कि मेंस आइक्यू टेस्ट में अधिकतर भारतीय मूल के बच्चे ही बाजी मारते रहे हैं ।
इससे यह भी साबित होता है कि भारतीयों में असीमित प्रतिभा है । अनुष्का ने इस टेस्ट में सर्वाधिक नंबर प्राप्त कर इस बात को भी साबित मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित :
अगर आपसे यह पूछा जाए कि सबसे तेज दिमाग किसका है तो आपके दिमाग में किसका नाम आएगा ? वैज्ञानिकों का या फिर अल्बर्ट आइंस्टाइन और स्टीफन हॉकिंग का न । लेकिन एक 11 साल की भारतीय मूल की बच्ची का दिमाग इन दोनों से भी तेज निकला है । इस बच्ची का नाम अनुष्का दीक्षित है ।
इंटेलिजेंस कोशिएंट को नापने के लिए मेंसा आइक्यू टेस्ट होता है । अनुष्का ने इस टेस्ट में सबसे अधिक नंबर प्राप्त किए हैं । उनके इस टेस्ट में 162 नंबर आए हैं । अनुष्का पूरा पीरियोडिक टेबल केवल 40 मिनट में याद करके सबको आश्चर्यचकित कर चुकी हैं । मेंसा आइक्यू टेस्ट में जीनियस स्कोर 140 है ।
स्टीफन हॉकिंग का स्कोर 160 था । अनुष्का की माँ आरती का कहना है कि उनकी बेटी बचपन से ही बेहद होशियार रही है । उसने केवल छह महीने में बोलना सीख लिया था । बचपन में ही वह टी.वी. पर विज्ञापन देखकर उन्हें हू - ब - हू बोलकर सुना देती थी ।
अनुष्का लंदन में रहती हैं । उन्हें 28 सवालों का जवाब मात्र 4 मिनट में देना था । समय कम था और सवाल अधिक , लेकिन अनुष्का के लिए यह लक्ष्य असंभव नहीं था , क्योंकि वे बचपन से ही अद्भुत प्रतिभा की धनी रही हैं , साथ ही पढ़ाई पर भी उनका बचपन से ही फोकस है । जब वह मात्र एक साल की थी , तभी से उसने विश्व के सभी देश और उनकी राजधानियों के नाम याद करने शुरू कर दिए थे ।
यूनिवर्सिटी ऑफ ईस्ट लंदन में आयोजित हुए इस टेस्ट में अनुष्का सबसे कम उम्र की परीक्षार्थी थी । हैरानी की बात यह है कि इस टेस्ट में शामिल होनेवाले अधिकतर लोगों की आयु 30 से 60 वर्ष के बीच थी । अनुष्का की माता गृहिणी और पिता प्रवर्तन अधिकारी हैं । इस टेस्ट में अव्वल आकर अनुष्का अब हाई आईक्यू सोसाइटी की सदस्य बन गई हैं ।
इतनी कम उम्र में मेंस आइक्यू टेस्ट में अव्वल आकर अनुष्का ने साबित कर दिया है कि प्रतिभा और कड़ी मेहनत के सामने आयु कोई महत्त्व नहीं रखती । व्यक्ति के मन में लक्ष्य होना चाहिए , उसके बाद बड़ी - से - बड़ी बाधाएँ भी रास्ता नहीं रोक सकतीं । खुशी की बात यह है कि मेंस आइक्यू टेस्ट में अधिकतर भारतीय मूल के बच्चे ही बाजी मारते रहे हैं ।
इससे यह भी साबित होता है कि भारतीयों में असीमित प्रतिभा है । अनुष्का ने इस टेस्ट में सर्वाधिक नंबर प्राप्त कर इस बात को भी साबित कर दिया है कि लड़कियों को भी यदि समान अवसर मिले तो वे कम उम्र से ही अपनी प्रतिभा से पूरे विश्व को चकित कर सकती हैं । सभी विद्यार्थियों के लिए अनुष्का दीक्षित आज प्रेरणास्रोत बन गई हैं ।
मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित, अनुष्का दीक्षित के बारे में कर दिया है कि लड़कियों को भी यदि समान अवसर मिले तो वे कम उम्र से ही अपनी प्रतिभा से पूरे विश्व को चकित कर सकती हैं । सभी विद्यार्थियों के लिए अनुष्का दीक्षित आज प्रेरणास्रोत बन गई हैं ।
मेंसा आइक्यू टेस्ट की विजेता अनुष्का दीक्षित, अनुष्का दीक्षित के बारे में

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